स्यूडोज़ैन्थोमा इलास्टिकम

इनके द्वाराEsra Meidan, MD, Boston Children's Hospital
द्वारा समीक्षा की गईMichael SD Agus, MD, Harvard Medical School
समीक्षा की गई/बदलाव किया गया संशोधित अक्टू॰ २०२५
v821774_hi

स्यूडोज़ैन्थोमा इलास्टिकम संयोजी ऊतक का एक दुर्लभ आनुवंशिक विकार है जिसकी वजह से त्वचा, आँखों और ब्लड वेसल से जुड़ी असामान्यताएं हो सकती हैं।

संयोजी ऊतक आमतौर पर मज़बूत, रेशेदार ऊतक होता है जो हमारी शारीरिक बनावट को जोड़े रखता है और हमारे शरीर को सहारा देता और लचीलापन प्रदान करता है। स्यूडोज़ैन्थोमा इलास्टिकम उस जीन में म्यूटेशन के कारण होता है, जो कोशिकाओं से विष वाले पदार्थों को हटाने में मदद करता है। म्यूटेशन के कारण, कैल्शियम और अन्य खनिज असामान्य रूप से संयोजी ऊतक के तंतुओं में जमा हो जाते हैं जो ऊतक को स्ट्रेच करने और फिर वापस अपनी जगह पर लौटने में सक्षम (लोचदार तंतु) बनाते हैं।

स्यूडोज़ैन्थोमा इलास्टिकम के कारण इलास्टिक फाइबर सख्‍त हो जाते हैं। लचीले फ़ाइबर त्वचा के साथ-साथ पूरे शरीर में मौजूद कई दूसरे ऊतकों में मौजूद होते हैं, जिनमें ब्लड वेसल भी शामिल हैं। ब्लड वेसल सख्त हो सकती हैं जिससे उनकी फैलने की सामान्य क्षमता खो जाती है और ज़रूरत से ज़्यादा ब्लड फ़्लो होने लगता है। सख्त होने से ब्लड वेसल सिकुड़ती भी नहीं हैं।

स्यूडोज़ैन्थोमा इलास्टिकम के लक्षण

गर्दन, बांह, कमर और नाभि के आसपास की त्वचा मोटी, उभरी हुई, कड़ी और ढीली हो जाती है। आखिर में गर्दन, बगल, कमर और नाभि के आस-पास की त्वचा मोटी, नालीदार, कठोर या ढीली हो जाती है। शारीरिक दिखावट में बदलाव बचपन की शुरुआत के दौरान हल्का हो सकता है और ऐसा संभव है कि इस पर ध्यान न जाए, लेकिन बच्चे की उम्र बढ़ने के साथ इसका पता लगने लग जाता है।

स्यूडोज़ैन्थोमा इलास्टिकम की जटिलताएं

रक्त वाहिकाओं के सख्त होने से उच्च ब्लड प्रेशर जैसी समस्याएं हो सकती हैं। नकसीर और मस्तिष्क से रक्‍त स्त्राव, यूट्रस और आंतों से रक्त स्त्राव होने की समस्या हो सकती है। खून बहना लंबे समय तक जारी रह सकता है। खून का बहाव बहुत ही कम होने से छाती में दर्द (एनजाइना), दिल का दौरा, मिट्रल वाल्व प्रोलैप्स और पैदल चलते समय पैर में दर्द (इंटरमिटेंट क्लॉडिकेशन) हो सकता है। बच्चों को छोटी उम्र में एथेरोस्क्लेरोसिस (आर्टिरीज़ में फ़ैटी मेटीरियल का जमा होना) हो सकता है।

आँख के पिछले हिस्से (रेटिना) को नुकसान होने से रेटिना में छोटी दरारें (जिसे एंजियोइड स्ट्रीक्स कहते हैं), हैमरेज और धीरे-धीरे आँखों की रोशनी को नुकसान हो सकता है।

स्यूडोज़ैन्थोमा इलास्टिकम का निदान

  • एक डॉक्टर का मूल्यांकन

  • ब्लड टेस्ट, इमेजिंग स्टडी और स्किन बायोप्सी

डॉक्टर शारीरिक जांच, आँखों की जांच और स्किन बायोप्सी (माइक्रोस्कोप के तहत जांच के लिए ऊतक के नमूने को हटाना) के नतीजों पर स्यूडोज़ैन्थोमा इलास्टिकम के निदान का आधार बनाते हैं।

जटिलताओं का मूल्यांकन करने के लिए ब्लड टेस्ट और इमेजिंग स्टडी जैसे कि मस्तिष्क की कंप्यूटेड टोमोग्राफ़ी (CT) की जाती है।

आनुवंशिक परीक्षण भी किया जाता है।

स्यूडोज़ैन्थोमा इलास्टिकम का इलाज

  • जटिलताओं और चोटों का इलाज और उनसे बचना

क्योंकि स्यूडोज़ैन्थोमा इलास्टिकम का कोई इलाज नहीं है, इसलिए इलाज का उद्देश्य जटिलताओं और चोटों से बचना और उनका इलाज करना है।

लोगों को ऐसी दवाइयों से बचना चाहिए जिनसे पेट या आंतों में रक्तस्त्राव हो सकता है जैसे कि एस्पिरिन, बिना स्टेरॉइड वाले एंटी-इंफ़्लेमेटरी दवाएं (NSAID) और एंटीकोग्युलेन्ट (जैसे वारफ़ेरिन)।

कम उम्र में ही एथेरोस्क्लेरोसिस विकसित होने और रक्त वाहिकाओं में दूसरे जोखिमों को कम करने के लिए खून में फैट (लिपिड) के स्तर डाइट और कभी-कभी दवाइयों की मदद से अच्छी तरह नियंत्रित किए जाने चाहिए।

रक्त वाहिकाओं को बढ़ने से रोकने वाली दवाइयों से उपचार करने (जैसे कि बेवासिज़ुमैब) से उन लोगों को मदद मिल सकती है जिनकी आंखों में एंजियोइड स्ट्रीक हैं।

अगर किसी गर्भवती महिला को स्यूडोज़ैन्थोमा इलास्टिकम है और आंखों में रक्त वाहिकाएं असामान्य हैं, तो डॉक्टर सिजेरियन डिलीवरी (C-सेक्शन) की सिफ़ारिश कर सकते हैं।

स्यूडोज़ैन्थोमा इलास्टिकम वाले लोगों को संपर्क वाले खेलों से बचना चाहिए, क्योंकि उनसे रेटिना में हैमरेज होने का जोखिम होता है।

स्यूडोज़ैन्थोमा इलास्टिकम का पूर्वानुमान

स्यूडोज़ैन्थोमा इलास्टिकम की जटिलताएं किसी व्यक्ति के जीवन काल और जीवन की गुणवत्ता को प्रभावित कर सकती हैं।

quizzes_lightbulb_red
अपना ज्ञान परखेंएक क्वज़ि लें!
iOS ANDROID
iOS ANDROID
iOS ANDROID